जिंदगी से कभी बेरुखी न करो
दर्दो गम से सनम दोस्ती न करो
खूबसूरत है ये जिंदगी दोस्तों
ख़ुदकुशी न करो ख़ुदकुशी न करो (एक्स्प्लैनिंग गाइड
डोंट ट्राई सुसाइड )
खुद से होते नहीं इस तरहा से खफा
भूल जा उसको तू जो हुआ बेवफा
दिल से गम को कहो अलविदा -अलविदा
अश्क बहने न दो खुश रहो तुम सदा ।
दिल लगी से कभी दिल्लगी न करो
आज सूखी फसल , या तो टूटा है हल
कर्ज की मार से दिल उठा है दहल
बैल प्यासे खड़े , या तो रूठा है नल
हौसला तो दिखा , तू ही होगा सफल
हर घड़ी इस कदर दिल दुखी न करो
फेल हो, पास हो , इसका गम न करो
अपने विशवास को , यार कम न करों
अपनी मुस्कान को ऐसे गुम् न करो
हँसते गाते रहो , आँख नम न करो
गर्दिशों का कभी तुम यकी न करो
- मुकेश कुमार मासूम